चक्रवाती तूफान मिचौंग सोमवार दोपहर तक आंध्र प्रदेश और तमिलनाडु के तट से टकरा सकता है। तूफान के कारण तमिलनाडु के महाबलीपुरम बीच पर समुद्र का स्तर लगभग 5 फीट तक बढ़ गया है।
भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने तमिलनाडु के चेन्नई, चेंगलपट्टू, तिरुवल्लूर और कांचीपुरम में भारी बारिश की चेतावनी जारी की है। व्यासरपाडी और बेसिन ब्रिज के बीच ब्रिज नंबर 14 पर पानी डेंजर मार्क पर पहुंच गया। चेन्नई सेंट्रल से 11 एक्सप्रेस ट्रेनें रद्द कर दी गईं।
वहीं चेन्नई के कनाथूर इलाके में आंधी-बारिश के चलते एक दीवार गिर गई। जिसमें दो लोगों की मौत हो गई और एक गंभीर रूप से घायल हो गया। मृतक झारखंड के रहने वाले हैं। तमिलनाडु सरकार ने सोमवार को जरूरी सेवाओं को छोड़कर पूरे राज्य में सार्वजनिक अवकाश का ऐलान कर दिया है।
इधर, आंध्र प्रदेश के NTR जिले में 4 और 5 दिसंबर को स्कूल-कॉलेज सहित सभी एजुकेशनल इंस्टीट्यूट्स बंद कर दिए गए हैं। दोनों राज्यों में रेस्क्यू ऑपरेशन के लिए NDRF की 21 टीमों को तैनात किया गया है।
मिचौंग तूफान साल 2023 में बंगाल की खाड़ी का चौथा और हिंद महासागर में बनने वाला छठा तूफान है। म्यांमार ने तूफान का नाम मिचौंग रखा है। मिचौंग का मतलब ताकत और लचीलापन होता है। मिचौंग मंगलवार को आंध्र प्रदेश के नेल्लोर और मछलीपट्टनम तट के बीच लैंडफॉल करेगा।
100 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से चलेंगी हवाएं
बंगाल की खाड़ी के ऊपर बन रहे तूफान मिचौंग मंगलवार को आंध्र प्रदेश के नेल्लोर और मछलीपट्टनम तट के बीच लैंडफॉल करेगा। इस दौरान हवा की गति 90-100 किमी प्रति घंटे से लेकर 110 किमी प्रति घंटे तक हो सकती है।
IMD ने बताया कि इस समय तूफान मिचौंग बंगाल की दक्षिण-पश्चिमी खाड़ी के ऊपर है। यह उत्तर-पश्चिम की ओर बढ़ रहा है। सोमवार दोपहर तक इसके दक्षिण आंध्र प्रदेश और उत्तरी तमिलनाडु तटों से होते हुए पश्चिम-मध्य बंगाल की खाड़ी तक पहुंचने की संभावना है।ओडिशा के 5 जिलों में ऑरेंज अलर्ट
तूफान के कारण ओडिशा में 6 दिसंबर तक भारी बारिश की चेतावनी दी गई है। मौसम विभाग ने सोमवार को मलकानगिरी, कोरापुट, रायगड़ा, गजपति और गंजाम जिले में यलो अलर्ट जारी किया है। इन पांचों जिले में 5 दिसंबर को ऑरेंज अलर्ट है। इस दौरान यहां भारी बारिश होगी।
IMD ने कहा कि 4 दिसंबर को इन जिलों में 35-45 किमी प्रति घंटे से लेकर 55 किमी प्रति घंटे तक की तेज हवा चलने की संभावना है। फिर अगले 12 घंटों के दौरान हवा की स्पीड बढ़कर 60 किमी प्रति घंटे तक पहुंच सकती है।
तूफान के कारण 144 ट्रेनें कैंसिल
तूफान के चलते सेंट्रल रेलवे ने 3 से 7 दिसंबर के बीच चलने वाली 144 ट्रेन को रद्द किया है। रेलवे अधिकारियों के मुताबिक, तमिलनाडु, बेंगलुरु, हैदराबाद, नई दिल्ली, हावड़ा, लखनऊ, विशाखापत्तनम, तिरुपति, पुडुचेरी सहित अन्य रूट पर चलने वाली ट्रेनों को कैंसिल किया गया है।
रद्द की गई ट्रेनों में विजयवाड़ा जनशताब्दी (ट्रेन नंबर 12077 और 12078), निजामुद्दीन चेन्नई दुरंतो (ट्रेन नंबर 12269 और 12270), गया चेन्नई एक्सप्रेस (ट्रेन नंबर 12389 और 12390) और बरौनी – कोयंबटूर स्पेशल (ट्रेन संख्या 3357 और 3358) शामिल हैं।
घने कोहरे की चादर में रहेगा उत्तर भारत
दिल्ली, पंजाब, हरियाणा, चंडीगढ़ समेत उत्तर भारत के कई शहरों में आने वाले दिनों में घना कोहरा रहने की आशंका है। कश्मीर के पहलगाम और गुलमर्ग इलाकों में रविवार को पारा जीरो डिग्री दर्ज किया गया। दूसरी ओर गुजरात, मध्य प्रदेश, तमिलनाडु, केरल और आंध्र प्रदेश राज्य के कुछ इलाकों में रविवार को हल्की बारिश हुई।
पिछले 6 महीनों में आए बड़े तूफान…
21 अक्टूबर: अरब सागर में आया तेज तूफान, ओमान की ओर बढ़ा
अक्टूबर में अरब सागर में तेज नाम का तूफान उठा था। पहले इसके भारत की तरफ आने की संभावना थी। बाद में IMD ने बताया कि चक्रवाती तूफान का गुजरात के तटीय इलाकों से टकराने का खतरा टल गया है।
यह तूफान गुजरात से 1600 किमी दूर ओमान और यमन की तरफ बढ़ गया है। हिंद महासागर क्षेत्र में चक्रवातों के नामकरण के लिए अपनाए गए एक फॉर्मूले के अनुसार इस तूफान का नाम ‘तेज’ रखा गया है।
IMD के मुताबिक, तेज तूफान 25 अक्टूबर की सुबह अल गैदाह (यमन) और सलालाह (ओमान) से होकर यमन-ओमान के तटीय इलाकों को पार करेगा। हालांकि, निजी एजेंसी स्काईमेट वेदर ने यमन-ओमान में चक्रवाती तूफान तेज के कमजोर पड़ने की संभावना जाहिर की है। पढ़ें पूरी खबर…
13 जून : अरब सागर से उठे तूफान बिपरजॉय ने गुजरात, महाराष्ट्र में मचाई तबाही
13 जून को अरब सागर से उठे बिपरजॉय तूफान ने भारत में काफी तबाही मचाई थी। 15 जून की शाम को तूफान गुजरात के कच्छ जिले के जखौ पोर्ट से टकराया। इस दौरान 150 किमी/घंटे की रफ्तार से हवाएं चलीं। इसके चलते गुजरात और मुंबई के तटीय इलाकों में भारी बारिश हुई। गुजरात में 9 लोगों की मौत हो गई थी। 940 से ज्यादा गांवों की बिजली गुल हो गई। वहीं, बाढ़ और रास्ते बंद होने से 4600 ग्रामीण इलाकों का संपर्क टूट गया था। पढ़ें पूरी खबर…
7 मई : बंगाल की खाड़ी में आए मोका तूफान से म्यांमार में 3 की मौत
7 मई को बंगाल की खाड़ी में मोका तूफान आया था। पहले यह इंडियन कोस्टल एरिया की तरफ बढ़ रहा था। बाद में यह म्यांमार के तट से टकराया। लगभग 200 किलोमीटर की रफ्तार से चल रही हवाओं और तेज बारिश की वजह से कई घरों की छतें उड़ गईं और मोबाइल टावर गिर गए। इस तूफान का असर बांग्लादेश पर भी हुआ था।