मध्यप्रदेश में अब निलंबन/बहाली के आदेश और विभागीय जाँच में आरोप-पत्रादि सहित दण्डादेश की तामीली शासकीय सेवक को ई-मेल के माध्यम से की जायेगी। राज्य शासन ने इस संबंध में सभी विभाग, संभागायुक्त, विभागाध्यक्ष, कलेक्टर और जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारियों को निर्देश जारी किये हैं। सभी अनुशासनिक प्राधिकारियों को निर्देशों का कड़ाई से पालन सुनिश्चित करवाने के लिये कहा गया है।
अभी राज्य शासन द्वारा शासकीय सेवकों के विरुद्ध उनके अवचार कृत्यों के लिये विभागीय जाँच अथवा अनुशासनात्मक कार्यवाही की जाती है। निलंबन, मुख्य एवं लघु शास्ति के लिये जाँच प्रक्रिया के प्रावधान अनुसार निर्धारित समय में आरोप-पत्राधि सहित अन्य आदेश जारी किये जाते हैं। आरोप-पत्राधि की तामीली की जिम्मेदारी संबंधित अनुशासनिक प्राधिकारी की होती है। अनेक बार ऐसी स्थितियाँ बन जाती हैं कि आरोप-पत्र समयावधि में तामील नहीं हो पाते। यही स्थिति निलंबन/बहाली आदेश एवं दण्डादेश में भी बनती है। इससे संबंधित द्वारा निर्धारित समय-सीमा में उत्तर दे पाना संभव नहीं हो पाता। भारत सरकार एवं मध्यप्रदेश शासन की ई-मेल नीति के अनुसार ई-मेल से किये गये सभी शासकीय पत्र-व्यवहार को कानूनी मान्यता भी मिल चुकी है।