मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने निजी क्षेत्र का आव्हान किया है कि वह पर्यटन विकास का रोड मेप बनायें। उन्होंने कहा है कि प्रदेश में पर्यटन के क्षेत्र में रोजगार की अपार संभावनायें हैं। सरकार विन-विन सिच्युएशन में निजी क्षेत्र का हर संभव सहयोग करेगी।
श्री चौहान आज यहाँ होटल पलाश में प्रदेश पर्यटन दिवस पर आयोजित राज्य पर्यटन पुरस्कार वितरण कार्यक्रम को संबोधित कर रहे थे।
मुख्यमंत्री श्री चौहान ने कहा कि प्रदेश में पर्यटन की विशेषताओं के प्रकटीकरण के लिये पर्यटन वर्ष मनाया जा रहा है। जो सिंहस्थ के साथ सम्पन्न होगा। सिंहस्थ क्षिप्रा में आस्था की डुबकी और मध्यप्रदेश की ब्रांडिंग का अवसर है। राज्य सरकार का प्रयास है कि सिंहस्थ के दौरान आने वाले करोड़ों श्रद्धालु और पर्यटक प्रदेश के अन्य पर्यटन गंतव्यों की भी यात्रा करें। उन्होंने कहा कि आवश्यकता मिशन भावना के साथ मिलकर कार्य करने की है। पर्यटकों के संपर्क में आने वाले हर व्यक्ति और संस्था का व्यवहार और आचरण महत्वपूर्ण है। आचरण एवं व्यवहार स्किल्ड हो, इसके भी प्रयास किये जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि मध्यप्रदेश की कृषि विकास दर 24.99 प्रतिशत होकर दुनिया में नम्बर एक है। जी.डी.पी. देश में सर्वाधिक है और निरंतर सात वर्षों से डबल डिजिट में है। पर्यटन में भी प्रदेश को नम्बर एक बनाना है।
पर्यटन राज्यमंत्री श्री सुरेन्द्र पटवा ने कहा कि मध्यप्रदेश में पर्यटन की संभावनाओं के अधिकतम दोहन के लिये राज्य सरकार द्वारा व्यापक स्तर पर प्रयास किये जा रहे हैं। शीघ्र ही भोपाल और चित्रकूट में लाइट एण्ड साउंड के कार्यक्रम शुरू किये जायेंगे। पर्यटन के 17 रूट पर 40 बस शुरू की जायेंगी। पर्यटन गंतव्यों के लिए जुलाई माह से एयर कनेक्टिविटी भी शुरू की जायेगी। हैदराबाद, पुणे, आगरा आदि शहरों सहित विदेशों में भी रोड शो होंगे। राज्य पर्यटन निगम द्वारा 11 स्थान को मिलाकर नर्मदा दर्शन का पैकेज भी राज्य पर्यटन दिवस पर शुरू किया गया है। प्रमुख सचिव पर्यटन श्रीमती वीरा राणा ने स्वागत उदबोधन और आभार प्रदर्शन प्रबंध संचालक पर्यटन विकास निगम श्री अश्विनी लोहानी ने किया। यस बेंक के श्री निखिल साहनी राज्य के पर्यटन प्रमोशन में सहयोग का आश्वासन दिया। कार्यक्रम में होटल एण्ड रेस्टोरेंट एसोसिएशन वेस्टर्न इण्डिया के प्रेसिडेंट श्री सुमित सूरी भी उपस्थित थे।