मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा है कि पेटलावद जैसी दुर्भाग्यपूर्ण दुर्घटना दोबारा नहीं हो, इसके लिये सभी पुख्ता इंतजाम किये जायें। श्री चौहान आज मंत्रालय में हादसे से प्रभावितों की सहायता के लिये किए गये कार्यों की समीक्षा कर रहे थे। बैठक में बताया गया कि दुर्घटना के सभी 71 मृतक के परिजन को 3 करोड़ 55 लाख की सहायता दी गई है। सहायता राशि 5-5 लाख रुपये सभी मृतकों के परिवारों के बैंक खातों में जमा करा दी गई है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि घटना में मृतकों की स्मृति को चिर-स्थाई बनाने के लिये पेटलावद में स्मारक का निर्माण किया जाये। इससे ऐसी दुघटनाओं के प्रति जन-जागरूकता बढ़ाने में भी मददमिलेगी। सहायता के मामले में जिन पात्र व्यक्तियों और परिवारों के लिये नियमों में शिथिलता की आवश्यकता है, उसके प्रस्ताव तत्काल शासन को भेजे जायें। उन्होंने कहा कि विस्फोटक सामग्री के संधारण संबंधी नियम कायदों का कड़ाई से अनुपालन हो। यदि सुरक्षा के नये प्रावधानों की जरूरत है तो उन्हें बनाने की कार्रवाई की जाए। उन्होंने कहा कि दुर्घटना के प्रभावितों को हर संभव सहायता उपलब्ध करवाई जाये।
श्री चौहान ने कहा कि दुर्घटना के घायलों के पुर्नवास पर भी अभी से विचार किया जाये ताकि उनके स्वस्थ होते ही इस दिशा में कार्य किया जाये। उन्होंने कहा कि स्थाई नि:शक्तता पीड़ितों को अतिरिक्त आर्थिक सहायता देने के साथ ही उनकी शारीरिक स्थिति के अनुसार आजीविका उपलब्ध करवाने में भी सहयोग करें। उन्होंने चिकित्सालयों में उपचाराधीन घायलों की उपचार व्यवस्था की नियमित समीक्षा की जरूरत बताई। श्री चौहान ने कहा कि इलाज के लिए अधिक राशि की आवश्यकता होने पर तत्काल राशि उपलब्ध करवाई जाये। उन्होंने कहा कि घटना के आरोपी को हर हालत में पकड़ा जाये। उन्होंने कहा कि जन-जीवन को सामान्य बनाने में सहयोग के कार्य युद्ध स्तर पर हो।