नासा ब्रह्मांड की सबसे ठंडी प्रयोगशाला बनाने की तैयारी में

अमेरिकी अंतरिक्ष एजेंसी नासा अंतरराष्ट्रीय अंतरिक्ष स्टेशन (आइएसएस) में ब्रह्मांड की सबसे ठंडी प्रयोगशाला बनाने की तैयारी में है। इसके लिए एजेंसी वहां एक विशेष बक्सा भेजेगी।
इस प्रयोगशाला की मदद से गुरुत्वाकर्षण और डार्क मैटर को समझने की दिशा में बड़ी सफलता मिलने की उम्मीद है।
नासा ने बताया कि इस बक्से के अंदर लेजर, निर्वात और एक इलेक्ट्रोमैग्नेट होगा। इस इलेक्ट्रोमैग्नेट की मदद से गैस परमाणुओं की ऊर्जा को तब तक सोखा जाएगा, जब तक कि वे पूरी तरह ठहर नहीं जाते।
इसे को कोल्ड एटम लैबोरेटरी नाम दिया गया है। नासा की योजना इसे अगस्त में आइएसएस भेजने की है। यह बक्सा अंतरिक्ष से 10 करोड़ गुना अधिक ठंडा होगा।
परियोजना से जुड़े वैज्ञानिक रॉबर्ट थॉम्पसन ने कहा, “इन ठंडे परमाणुओं पर अध्ययन के जरिये गुरुत्वाकर्षण और डार्क एनर्जी को लेकर हमारी समझ को नया आयाम मिल सकेगा।”
उन्होंने बताया कि इस तापमान पर आने के बाद पदार्थ कणों की बजाय तरंगों की तरह व्यवहार करने लगता है। क्वांटम भौतिकी के नियम इसी सिद्धांत पर आधारित हैं।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *