पूर्व प्रधानमंत्री भारत रत्न श्री अटल बिहारी वाजपेयी को आज सायं नई दिल्ली स्थित उनके निवास पर मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान, केन्द्रीय इस्पात एवं खान मंत्री श्री नरेन्द्र सिंह तोमर, मध्यप्रदेश भाजपा अध्यक्ष एवं सांसद श्री नन्द कुमार सिंह चौहान, श्री अरविन्द मेनन,
सांसद सर्वश्री अनूप मिश्रा, आलोक संजर और मंत्रीमण्डल के सदस्यों की उपस्थिति में मध्यप्रदेश भोज (मुक्त) विश्वविद्यालय भोपाल द्वारा डी-लिट् की मानद उपाधि से नवाजा गया।
मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने श्री अटल बिहारी वाजपेयी के अविस्मरणीय योगदान का स्मरण दिलाते हुए कहा कि सबका मंगल चाहने एवं वसुधैव कुटुम्बकम् की भावना वाले महान जन-नायक को दी गई उपाधि में मध्यप्रदेश की साढ़े सात करोड़ जनता की सदभावना निहित है। श्री चौहान ने बताया कि अटल जी को जब उपाधि से नवाजा गया तो उनके चेहरे पर प्रसन्नता के भाव थे। उन्होंने ‘हाँ’ कहकर इस सम्मान को स्वीकार किया। हमें उनसे प्रेरणा के साथ-साथ आशीर्वाद भी प्राप्त हुआ है। उनके आशीर्वाद से हम जनसेवा के क्षेत्र में निरन्तर बेहतर कार्य करेंगे।
श्री चौहान के साथ मंत्रीगण सुश्री यशोधरा राजे सिंधिया, सर्वश्री बाबूलाल गौर, कैलाश विजयवर्गीय, उमाशंकर गुप्ता, सरताज सिंह, गोपाल भार्गव, गौरीशंकर शेजवार, डॉ. नरोत्तम मिश्रा, गौरी शंकर बिसेन, विजय शाह, ज्ञान सिंह, अंतर सिंह आर्य, रामपाल सिंह, दीपक जोशी, सुरेन्द्र पटवा, शरद जैन, भोज विश्वविद्यालय के कुल सचिव डॉ. बी. भारती सहित विद्वतजन उपस्थित थे।
भोज विश्वविद्यालय के कुलपति प्रोफेसर (डॉ.) तारिक जफर ने कहा कि श्री अटल बिहारी वाजपेयी की साहित्यिक प्रतिभा, शिक्षा, राजनैतिक सूझ-बूझ और समाज सेवा को दृष्टिगत रखते हुए विश्वविद्यालय द्वारा उपाधि की घोषणा 27 अगस्त 2014 को गयी थी। उपाधि से श्री वाजपेयी को नवाजने का गरिमामय अवसर आज मिल सका। उन्होंने कहा कि श्री वाजपेयी को सम्मानित करते हुए विश्वविद्यालय आज गौरवान्वित महसूस कर रहा है।