सरकार डिजिटल लॉकर की व्यवस्था शुरू कर रही है जिससे लोगों को अपने जरूरी दस्तावेज डिजिटल रूप में सुरक्षित रखने में मदद मिलेगी। इन दस्तावेजों को कानूनी माना जाएगा और आवश्यकता पड़ने पर इंटरनेट के जरिये ये इलैक्ट्रोनिक रूप से प्रस्तुत किये जा सकेंगे। इन पर डिजिटली हस्ताक्षर भी किये जा सकेंगे। यह व्यवस्था डिजिटल इंडिया कार्यक्रम का एक हिस्सा है। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी कल इस कार्यक्रम का शुभारंभ करेंगे।
केन्द्र सरकार की यह पहल किसी भी सरकारी काम काज के लिए निजी दस्तावेजों को साथ लेकर चलने के बोझ को कम करने में मदद करेगी। इन डिजिटल दस्तावेजों में पासपोर्ट, पैनकार्ड, ड्राइविंग लाइसेंस, शिक्षा की डिग्रियां जैसे कागजात शामिल हैं। इस डिजिटल लॉकर को खोलने के लिए व्यक्ति के पास एक आधार नम्बर व आधार के साथ पंजीकृत एक मोबाइल फोन नम्बर होना आवश्यक है। भविष्य में जब भी कोई सरकारी काम किया जाएगा उसका एक इलेक्ट्रॉनिक लिंक भी उत्पन्न होगा। यह लिंक डिजिटल तिजोरी में रखा जा सकेगा ताकि जब भी उस दस्तावेज की जरूरत हो उसे निकाला जा सके।